सितम्बर, 2022 में भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) ने ‘इन्फ्रलेटेबल एरोडायनामिक डिसेलेरेटर’ (Inflatable Aerodynamic Decelerator-IAD) तकनीक का सफलतापूर्वक परीक्षण किया,जिसे मंगल और शुक्र सहित भविष्य के इसरो मिशनों के लिए एक ‘गेम-चेंजर’ माना जा रहा है।
मुख्य बिंदुः आईएडी तकनीक को इसरो के विक्रम साराभाई अंतरिक्ष केंद्र (वीएसएससी) द्वारा डिजाइन और विकसित किया गया है।