​भारत की आर्कटिक नीति

मार्च, 2022 में केंद्र सरकार द्वारा ‘भारत की आर्कटिक नीति’ (India’s Arctic Policy) जारी की गई। यह नीति आर्कटिक क्षेत्र में जलवायु परिवर्तन का मुकाबला करने और पर्यावरण की रक्षा करने का भी प्रयास करती है।

ध्यान रहे कि दुनिया के बाकी हिस्सों की तुलना में आर्कटिक तीन गुना तेजी से गर्म हो रहा है।

  • यह नीति 6 स्तंभ पर आधारित है, जो निम्नलिखित हैं-
    1. भारत के वैज्ञानिक अनुसंधान और सहयोग को मजबूत करना।
    2. जलवायु और पर्यावरण संरक्षण।
    3. आर्थिक और मानव विकास।
    4. परिवहन और कनेक्टिविटी।
    5. शासन और अंतरराष्ट्रीय सहयोग।
    6. आर्कटिक क्षेत्र में राष्ट्रीय क्षमता निर्माण।

उद्देश्यः सरकार, शैक्षणिक और व्यावसायिक संस्थानों में संस्थागत और मानव संसाधन क्षमताओं को मजबूत करना।

  • आर्कटिक में भारत के हितों की खोज में अंतर-मंत्रलयी समन्वय को बढ़ावा देना।
  • भारत की आर्थिक, जलवायु और ऊर्जा सुरक्षा पर आर्कटिक में जलवायु परिवर्तन के प्रभाव की समझ को बढ़ाना।