​पंचायत उपबंधा (अनुसूचित क्षेत्रें पर विस्तार) अधिनियम या पेसा (PESA) अधिनियम, 1996

संविधान के अनुच्छेद 243ड के तहत संविधान के भाग IX में निहित पांचवीं के क्षेत्रें को छूट प्रदान की गई है। हालांकि संसद को विधि द्वारा अनुसूचित जाति तथा जनजातीय क्षेत्रें में इसके प्रावधानों का विस्तार करने का अधिकार है, जिसे संविधान में संशोधन नहीं माना जाएगा।

  • पेसा अधिनियम का सिफारिशः दिलीप सिंह भूरिया समिति ने की थी।
  • पेसा अधिनियम को ‘संविधान के भीतर संविधान’ कहा जाता है, क्योंकि यह संविधान के पंचायती राज (भाग 1) के प्रावधान को कुछ संशोधनों और अपवादों के साथ अनुच्छेद 244 के खंड (1) के अंतर्गत 10 राज्यों (आंध्र प्रदेश, छत्तीसगढ़, गुजरात, हिमाचल प्रदेश, झारखंड, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, ओडिशा, राजस्थान और तेलंगाना) के पांचवीं अनुसूची में आने वाले क्षेत्रें तक विस्तारित करता है।
  • कार्यान्वयन हेतु नोडल मंत्रलयः पंचायती राज मंत्रलय