​राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग

गठनः 25 सितंबर, 2020 को तत्कालीन भारतीय चिकित्सा परिषद अधिनियम 1956 को निरस्त करते हुए किया गया।

  • यह सुधार पारदर्शी, गुणात्मक और जवाबदेह प्रणाली की ओर चिकित्सा शिक्षा की दिशा को आगे बढ़ाएगा।