देश भर में 350 से अधिक नदियों को प्रदूषण मुक्त बनाने के लिए एक राष्ट्रीय योजना तैयार करने व उसे लागू करने के उद्देश्य से राष्ट्रीय हरित न्यायाधिकरण (NGT) ने एक ‘केंद्रीय निगरानी समिति’ (Central Monitoring Committee) का गठन किया गया है।
कार्यः केंद्रीय निगरानी समिति राज्यों की ‘नदी कायाकल्प समितियों’ (River Rejuvenation Committees) के साथ समन्वय करेगी। इसके अतिरिक्त समय-सीमा, बजटीय तंत्र और अन्य कारकों को ध्यान में रखते हुए कार्य योजनाओं के निष्पादन की देखरेख भी करेगी।
लेड प्रदूषणः विश्व स्तर पर प्रत्येक वर्ष अनुमानित 9 लाख लोगों की मौत शीशा से होने वाले प्रदूषण के कारण होती है, यह संख्या कम या ज्यादा हो सकती है।