बफर स्टेट के रूप में: भूटान, भारत-चीन के बीच बफर स्टेट के रूप में कार्य करता है, जिससे भारत चीन के बीच सीधे टकराव की स्थिति की सम्भावना कम होती है। यदि भूटान, चीन के साथ सीधे द्विपक्षीय वार्ता होती है तो यह भारत के लिए भू-सामरिक दृष्टि अहितकारी साबित हो सकता है।
आर्थिक महत्वः भारत, भूटान में जलविद्युत और व्यापार क्षेत्र के कई क्षेत्रें में निवेश किए हुए है। यदि वह किसी के साथ द्विपक्षीय वार्ता में सम्मिलित होता है तो इसे भारत को आर्थिक नुकसान का सामना करना पड़ सकता है।