उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (CPI) आधारित मुद्रास्फीति या हेडलाइन मुद्रास्फीति अप्रैल 2022 में 8 वर्ष के उच्चतम स्तर 7.79% पर पहुंच गई थी। ज्ञातव्य है कि इसमें पिछले 7 महीनों में 3.44% की वृद्धि (सितंबर 2021 में 4.35%) हुई है।’
मुद्रास्फीति एक समष्टि अर्थशास्त्रीय (Macroeconomic) घटना है। यह किसी अर्थव्यवस्था में समय के साथ वस्तुओं और सेवाओं की कीमतों में सामान्य वृद्धि को दर्शाती है।
इसे राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (NSO) जारी करता है। इसे श्उपभोत्तफ़ा खाद्य मूल्य सूचकांक (CFPI) के रूप में जारी किया जाता है। इसे तीन बेणियों (ग्रामीण, शहरी और संयुत्तफ़) में जारी किया जाता है। वर्ष 2012 को आधार वर्ष माना गया है। इसे मई 2014 से अखिल भारतीय स्तर पर जारी किया जा रहा है।
पिछले 6 महीनों में, विभिन्न मदों की कीमतों में वृद्धि के कारण CFPI सितंबर 2021 में 0.68% से बढ़कर अप्रैल 2022 में 8.38% हो गया था।
वित्त वर्ष 22 में उपभोक्ता खाद्य मूल्य सूचकांक (सीएफपीआई) पर आधारित खाद्य मुद्रास्फीति 3-8 प्रतिशत से बढका वित्त वर्ष 23 में 7.0 प्रतिशत हो गई।