ऑकस गठबंधान

ऑस्ट्रेलिया, ब्रिटेन और अमेरिका ने त्रिपक्षीय सुरक्षा समझौते के तहत ‘ऑकस’ का गठन किया है। इसकी घोषणा, सितंबर, 2021 को अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन, ऑस्ट्रेलियाई पीएम स्कॉट मॉरिसन और ब्रिटिश पीएम बोरिस जॉनसन ने किया है।

उद्देश्यः इसका उद्देश्य हिंद-प्रशांत क्षेत्र में भागीदारों के रणनीतिक हितों की रक्षा करना, सदस्य देशों के रणनीतिक हितों को आगे बढ़ाना, अंतरराष्ट्रीय नियम-आधारित व्यवस्था को बनाए रखना, हिन्द-प्रशांत क्षेत्र में शांति और स्थिरता को बढ़ावा देना है। यह गठबंधन हिंद-प्रशांत क्षेत्र में स्पष्ट रूप से घोषित सैन्य गठबंधन है।

क्वाड और ऑकस में अंतर

क्वॉड

ऑकस

QUAD (अमेरिका, भारत, जापान, ऑस्ट्रेलिया) एक मुक्त, खुले, पारदर्शी और समावेशी हिंद प्रशांत के दृष्टिकोण के साथ एक बहुपक्षीय समूह है।

AUKUS (अमेरिका, इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया) तीन देशों के बीच का एक सुरक्षा गठबंधन है। यह त्रिपक्षीय समूह सुरक्षा केंद्रित है।

यह मुख्य रूप से हिन्द महासागर क्षेत्र में चुनौतियों से निबटने का सामरिक गठबंधन है।

यह हिंद प्रशांत क्षेत्र में चुनौतियों से निबटने का सामरिक गठबंधन है।

क्वॉड बैठक COVID-19 महामारी, नई और उभरती प्रौद्योगिकियों, जलवायु परिवर्तन, बुनियादी ढांचे, समुद्री सुरक्षा, शिक्षा, मानवीय सहायता और आपदा राहत जैसे मुद्दों से निपटेगी।

AUKUS एक सुरक्षा गठबंधन है। यह परमाणु तकनीक पर सहयोग आधारित गठबंधन है। तीनों सदस्य देश एप्लाइड एआई, क्वांटम प्रौद्योगिकियों और अन्य उभरती प्रौद्योगिकियों के क्षेत्र में भी सहयोग करेंगे।

भारत इसका सक्रिय सदस्य है।

भारत इस गठबंधन के पक्ष में नहीं है।

इस संवाद की शुरुआत 2007 में जापानी प्रधानमंत्री शिंजो आबे ने अमेरिकी उपराष्ट्रपति डिक चेनी, ऑस्ट्रेलियाई पीएम जॉन हॉवर्ड और भारतीय पीएम मनमोहन सिंह के साथ की थी।

AUKUS संयुक्त राज्य अमेरिका, यूनाइटेड किंगडम और ऑस्ट्रेलिया के बीच एक त्रिपक्षीय सुरक्षा गठबंधन है। यह 15 सितंबर, 2021 को शुरू किया गया था। यह समझौता अमेरिका और ब्रिटेन को ऑस्ट्रेलिया को परमाणु ऊर्जा से चलने वाली पनडुब्बियों को विकसित करने और उन्हें प्रशांत क्षेत्र में तैनात करने में मदद करने की अनुमति देगा।