असंसदीय शब्द तथा इससे संबंधित नियम
लोकसभा सचिवालय द्वारा मानसून सत्र की शुरुआत से पूर्व 13 जुलाई, 2022 को ‘‘असंसदीय शब्दों’’ (Unparliamentary Words) की एक सूची जारी की गई, इसमें ऐसे शब्दों और अभिव्यक्तियों को सूचीबद्ध किया गया है, जिन्हें संसद में उपयोग के लिए अनुपयुक्त माना जाएगा।
- इसका अर्थ है कि अगर इन शब्दों का इस्तेमाल संसद में किया गया तो उसे सदन के रिकॉर्ड से हटा दिया जाएगा।
- जहां विपक्षी दलों द्वारा इस सूची को लेकर व्यापक विरोध किया जा रहा है, वहीं लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने स्पष्ट किया है कि ‘किसी भी शब्द पर प्रतिबंध नहीं लगाया गया है तथा इन शब्दों को असंसदीय ....
क्या आप और अधिक पढ़ना चाहते हैं?
तो सदस्यता ग्रहण करें
इस अंक की सभी सामग्रियों को विस्तार से पढ़ने के लिए खरीदें |
पूर्व सदस्य? लॉग इन करें
वार्षिक सदस्यता लें
सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल के वार्षिक सदस्य पत्रिका की मासिक सामग्री के साथ-साथ क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स पढ़ सकते हैं |
पाठक क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स के रूप में सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल मासिक अंक के विगत 6 माह से पूर्व की सभी सामग्रियों का विषयवार अध्ययन कर सकते हैं |
संबंधित सामग्री
- 1 सरकार का कर्मचारियों हेतु आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) पर निर्देश
- 2 भारत के राज्य प्रतीक के दुरुपयोग को रोकने का निर्देश
- 3 राष्ट्रीय सफाई कर्मचारी आयोग के कार्यकाल का विस्तार
- 4 मणिपुर में राष्ट्रपति शासन लागू
- 5 ‘दुर्लभ से दुर्लभतम’ सिद्धांत
- 6 तदर्थ न्यायाधीशों की नियुक्ति
- 7 परिहार के संबंध में सुप्रीम कोर्ट के दिशा-निर्देश
- 8 निष्पक्ष सुनाई का अधिकार
- 9 फ्रीबीज़ पर सुप्रीम कोर्ट ने चिंता व्यक्त की
- 10 अभियुक्त को गिरफ्तारी का कारण बताना संवैधानिक अनिवार्यता

- 1 परिवार न्यायालय (संशोधन) विधेयक 2022
- 2 न्यू ड्रग्स, मेडिकल डिवाइस एंड कॉस्मेटिक बिल, 2022
- 3 भारतीय अंटार्कटिक विधेयक 2022
- 4 देश की 15वीं राष्ट्रपति: श्रीमती द्रौपदी मुर्मू
- 5 सिविल सेवा प्रशिक्षण संस्थानों हेतु राष्ट्रीय मानक
- 6 महाराष्ट्र स्थानीय चुनावों में 27: ओबीसी आरक्षण
- 7 उत्तरी क्षेत्रीय परिषद की 30वीं बैठक
- 8 नए संसद भवन के शीर्ष पर राष्ट्रीय चिन्ह का अनावरण